गर्मी ऋतू पर कविता Summer Poem in Hindi

Summer poem in Hindi गर्मी आयी देखो गर्मी आयीढेरों खुशियां साथ में लायीठंडे पानी में नहाएंगेआइस क्रीम खूब खाएंगे आम लीली और तरबूज कोटिफिन का हिस्सा बनाएंगेनींबू पानी और शरबतों काभरपूर आनंद उठाएंगे जैसे मज़ा लिया सर्दी कागर्मी को भी गले लगाएंगेगर्मी दूर भगाएंगे।  लेखक – रमिंद्र कौर

आम पर कविता Mango poem in Hindi

mango fruit poem in hindi

Mango poem in Hindi सुनकर कोयल की पुकारआ गया आमों का त्योहारआम खाने को हो जाओ तैयारमीठे -खट्टे आम आ गए बाजार। दशहरी, लंगड़ा, सफेदा , तोतापरीबच्चों ! कौन सा आम खाओगे ?खाकर मन ही मन मुस्कराओगेक्या फिर मधुर गीत गाओगे। मनाओ तुम आमों का त्योहारतुम्हार दोस्त भी हैं आसपासकरो तुम कोई बात ख़ासमिले सबको … Read more

Poem on River in Hindi नदी पर कविता

poem on river hindi

Poem on River in Hindi हिमखंडों से पिघलकर,पर्वतों में निकलकर ,खेत खलिहानों को सींचती ,कई शहरों से गुजरकरअविरल बहती , आगे बढ़ती,बस अपना गंतव्य तलाशतीमिल जाने मिट जाने,खो देने को आतुरवो एक नदी है। बढ़ रही आबादीविकसित होती विकास की आंधीतोड़ पहाड़, पर्वतों कोढूंढ रहे नई वादी,गर्म होती निरंतर धरा,पिघलते , सिकुड़ते हिमखंडकह रहे मायूस … Read more

Koyal poem in Hindi कोयल पर कविता

About Cuckoo in Hindi

Koyal poem in Hindi कोयल पर कविता देखो कोयल काली है परमीठी है इसकी बोलीइसने ही तो कूक -कूक करआमों में मिश्री घोली। कोयल -कोयल सब बतलानाक्या संदेश लायी होबहुत दिनों के बाद आज फिरइस डाली पर आई होक्या गाती हो किसे बुलातीबतला दो कोयल रानी। प्यासी धरती देख मांगतीहो क्या तुम मेघों से पानीकोयल … Read more

Poem on Village in Hindi | गांव पर कविता

Poem on Village in Hindi मेरा गांव मुझको बहुत याद आता हैबार बार आकर सपनों में सताता है कच्चे घर को जब माँ गोबर से लिपति थीपड़ जाते थे पांव तब म बहुत डांटती थीमगर डांट सुनकर भी में बहुत हँसता थाखुलकर माँ को खूब चिढ़ाया करता थासचमुच वो बचपन आज भी मुझे बहुत लुभाता … Read more

Swachh Bharat Abhiyan Poem in Hindi – स्वच्छ भारत अभियान पर कविता

Swachh Bharat Abhiyan Poem in Hindi

Poem on Swachh Bharat Abhiyan Hindi स्वच्छ भारत स्वस्थ भारत स्वच्छ होगा भारत सारास्वस्थ होगा देश हमारामिल जुल कर हम काम करेंगेदेश का ऊंचा नाम करेंगे घर घर ख़ुशहाली होगीरात नहीं कोई काली होगीबेटा बेटी एक समानफिर चमकेगा हिंदुस्तान आयो मिलकर करें विचारसाफ़ सुथरा हो हमारा घर द्वार लेखक  – साकेत खड़कड़ Swachh Bharat Mere … Read more

Poem on Grandmother in Hindi – दादी पर कविता

Poem on Grandmother in Hindi

Poem on Grandmother in Hindi – Dadi Maa par kavita  मेरी दादी थीकितनी प्यारीमें थी उनकीराज दुलारीघर में कितनी रौनक थीन जाने कहां गुम हो गयी सारीबस दादी -दादी कहते रहतेहम बच्चे अबउसकी आवाज़ सुननेको तरसते रहते हैंहर पल आखरीसांस तक लुटाती रहतीहम सब पर प्यारपर छोड़ गयी वह अकेलाटूट गया खुशियों का मेलायाद है … Read more

Poem on Nature in Hindi प्रकृति पर कविताएं

Poem on Nature in Hindi

Poem on Nature in Hindi नदीन बहता पानीरचता रहता आगेबढ़ते रहने की कहानी समुंद्रकी उठती लहरेंप्रगति की हैं प्रतीक पर्वतबुलंदियों को छूनेकी देते हैं दावतमाँबन ढोहती रहतीसबका बोझ पेड़देते फल और छाया फूलसब के मन को भाएसुगंध लौटाकर भी हर्षाएप्यारे बच्चों सीखोइनसे सीख Poem on nature in Hindi -2 चिड़ियों से है उड़ना सीखा तितलियों … Read more

Poem on Clouds in Hindi बादलों पर कविता

Poem on Clouds in Hindi बादलदूर देश से आये बादलआसमान पे छाये बादलताने ऊंची छतरी कालीचारों ओर इतराये बदल। सागर से भर गागर अपनीसबकी प्यास बुझाये बदलबूंद -बूंद टपका धरती परमंद -मंद मुस्काए बादल। संग हवा के नाचे गएबिजली भी कड़काये बादल। आपस में टकरा -टकरा केधूम -धड़ाका नचाये बादल। नाचे जब धरती पर मयूरझूम … Read more

Poem on Trees in Hindi – पेड़ों पर कविताएं

चलिए देखते हे पेड़ों पर यानि Trees पर कविताएं हिंदी में | Trees Poem Hindi Language (kavita) में हूं पेड़ मुझे मत काटोटुकड़ों टुकड़ों में मत बांटोंदर्द मुझे भी होता हैमन मेरा भी रोता हैमें तो सखा तुम्हारा हूंमित्र  सबसे न्यारा हूंफल में खुद नहीं खाता हूंसभी तुम्हे ही दे जाता हूंजहरीली गैसें पी जाता … Read more